गुरु पूर्णिमा और अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर मास्टरजी का प्रेरणादायक संबोधन
📍 स्थान: इंडिया इंटरनेशनल सेंटर, नई दिल्ली
📅 दिनांक: 24 जून 2025
कृष्ण कला एवं शिक्षा फाउंडेशन द्वारा आयोजित गुरु पूर्णिमा और अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के संयुक्त समारोह में राजधानी के प्रतिष्ठित इंडिया इंटरनेशनल सेंटर में आध्यात्मिकता, कला और संस्कृति का संगम देखने को मिला। इस वर्ष का केंद्रीय विषय था:
“शास्त्रीय संगीत, नृत्य एवं कलाओं में अवसर – नई शिक्षा नीति और समकालीन समय के संदर्भ में”।
कार्यक्रम की शुरुआत पैनल चर्चा से हुई, जिसमें देश के प्रतिष्ठित नृत्य गुरुओं ने भाग लिया। इसके पश्चात शास्त्रीय नृत्य की विद्यार्थियों ने मंत्रमुग्ध कर देने वाली प्रस्तुतियाँ दीं। परंतु इस आयोजन का सबसे प्रभावशाली क्षण था — मास्टरजी का व्याख्यान, जिन्होंने मंच पर उपस्थित होकर जीवन और साधना की गूढ़ बातों को सरल शब्दों में श्रोताओं तक पहुँचाया।
मास्टरजी ने अपने संबोधन में कहा:
“नृत्य केवल कला नहीं, एक साधना है। जब कोई व्यक्ति सच्ची निष्ठा और समर्पण से नृत्य करता है, तो वह अहंकार को त्यागकर सत्य से जुड़ता है। नृत्य आत्मा से आत्मा का संवाद है।”
उनके शब्द केवल सुने नहीं गए, बल्कि महसूस किए गए — श्रोताओं के भीतर गूंजते रहे।
मास्टरजी का परिचय
मास्टरजी ने 2007 में आत्मज्ञान प्राप्त किया और पिछले 17 वर्षों से वे समाज में सकारात्मकता, प्रेम और आत्मबोध फैलाने के लिए समर्पित हैं। वे 10 साल के बालक से लेकर 80 वर्षीय वृद्ध तक सभी आयु वर्ग के लोगों के जीवन में बदलाव लाने का कार्य कर रहे हैं।
उनका मिशन है – “Mission 800 Crore”
और उनका उद्घोष – “Happiness Guaranteed”
वे कहते हैं:
“रोज़ एक वाणी सुनो, सारे दुःखों से मुक्ति पाओ।”
उनके सभी व्याख्यान YouTube चैनल “मास्टरजी” पर निशुल्क उपलब्ध हैं।

📣 विशेष सूचना:
इस कार्यक्रम में सीमित आमंत्रण के आधार पर चयनित गणमान्य व्यक्ति, शिक्षाविद्, कलाकार, विद्यार्थी और साधक उपस्थित रहे। आयोजकों ने बताया कि भविष्य में मास्टरजी के साथ देश के अन्य प्रमुख शहरों में भी इसी प्रकार के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
📌 अधिक जानकारी के लिए संपर्क करें:
KKS Foundation – info@kksfoundation.org

