बागेश्वर धाम में फिर हादसा: दीवार गिरने से महिला श्रद्धालु की मौत, कई घायल
छतरपुर, मध्यप्रदेश – 8 जुलाई 2025:
मध्यप्रदेश के छतरपुर जिले में स्थित प्रसिद्ध धार्मिक स्थल बागेश्वर धाम में एक बार फिर दर्दनाक हादसा हुआ है। सोमवार रात भारी बारिश के दौरान एक होमस्टे/धर्मशाला की दीवार गिरने से एक महिला श्रद्धालु की मौत हो गई, जबकि 10 से अधिक लोग घायल हो गए हैं। यह घटना उस समय हुई जब श्रद्धालु वहां विश्राम कर रहे थे।
🧱 क्या हुआ हादसे में?
घटना तड़के करीब 4 बजे की है, जब उत्तर प्रदेश की निवासी 40 वर्षीय अनीता देवी समेत अन्य श्रद्धालु सो रहे थे। तभी अचानक तेज बारिश के चलते एक दीवार गिर गई और कई लोग उसके मलबे में दब गए। अनीता देवी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि अन्य घायलों को छतरपुर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। तीन लोगों की हालत गंभीर बताई जा रही है।
CMHO डॉ. डी.पी. गुप्ता ने बताया – “एक महिला की मौके पर मौत हुई है, 10 अन्य घायल हुए हैं। कुछ घायलों को प्राथमिक इलाज के बाद ग्वालियर और मिर्ज़ापुर रेफर किया गया है।”
🏕️ यह पहला हादसा नहीं…
कुछ दिन पहले ही बागेश्वर धाम में टेंट गिरने की घटना में एक श्रद्धालु की जान गई थी और कई अन्य घायल हुए थे। लगातार हो रही बारिश और भीड़ के दबाव के कारण सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं।
🙏 धीरेंद्र शास्त्री की अपील:
धाम प्रमुख पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि –
“भक्तजन भारी भीड़ में आने से बचें। यदि संभव हो तो घर से ही ऑनलाइन दर्शन करें। धाम की व्यवस्थाएं सीमित हैं और सुरक्षा सर्वोपरि है।”
🛡️ प्रशासन की प्रतिक्रिया:
छतरपुर जिला प्रशासन ने जांच के आदेश दे दिए हैं। निर्माण की गुणवत्ता और धर्मशाला/होमस्टे की वैधता को लेकर जांच की जा रही है। प्रशासन ने यह भी कहा है कि आपदा प्रबंधन योजना बनाई जाएगी ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाएं रोकी जा सकें।
🗞️ प्रमुख जानकारी संक्षेप में:
| विषय | विवरण |
|---|---|
| घटना स्थल | बागेश्वर धाम, छतरपुर, मध्यप्रदेश |
| समय | सुबह 4 बजे, 8 जुलाई 2025 |
| मृतक | 1 महिला (40 वर्षीय, उत्तर प्रदेश) |
| घायल | 10 से अधिक, 3 गंभीर |
| कारण | बारिश के चलते दीवार गिरना |
| पूर्व की घटना | 3 जुलाई को टेंट गिरने से 1 मृतक |
| प्रशासन की कार्रवाई | जांच आदेश, आपदा प्रबंधन समीक्षा |
| धीरेंद्र शास्त्री का बयान | “घर से करें दर्शन, भीड़ से बचें” |
📢 निष्कर्ष:
बागेश्वर धाम जैसी आस्था की जगह पर लगातार हो रहे हादसे यह दर्शाते हैं कि सुरक्षा मानकों को और सख्त किए जाने की जरूरत है। लाखों श्रद्धालु जब एक जगह एकत्रित होते हैं, तो भवन संरचना, आपात सेवाएं, और भीड़ नियंत्रण जैसी व्यवस्थाओं को प्राथमिकता देना अनिवार्य है। प्रशासन और आयोजकों को मिलकर ऐसी दुर्घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकनी होगी।

