बिहार सरकार की बड़ी पहल: हर विधानसभा क्षेत्र में डिजिटल लाइब्रेरी बनेगी
पटना, 6 अगस्त 2025:
बिहार सरकार ने शिक्षा और डिजिटल सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के लिए एक महत्वाकांक्षी योजना की शुरुआत की है। कैबिनेट की हाल ही में हुई बैठक में हर विधानसभा क्षेत्र में छात्रों के लिए डिजिटल लाइब्रेरी स्थापित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है। इस योजना के तहत 243 विधानसभा क्षेत्रों में ऐसे केंद्र बनाए जाएंगे, जहां छात्र आधुनिक डिजिटल संसाधनों का उपयोग कर सकते हैं।
योजना की मुख्य बातें
डिजिटल लाइब्रेरी केंद्र: हर विधानसभा क्षेत्र में लगभग 300 वर्ग फुट में डिजिटल लाइब्रेरी स्थापित की जाएगी।
तकनीकी संसाधन: प्रत्येक लाइब्रेरी में 10 कंप्यूटर, हाई-स्पीड इंटरनेट, और शैक्षिक सामग्री उपलब्ध होगी।
राज्य स्तरीय मॉडल: पटना में एक बड़ी मॉडल लाइब्रेरी स्थापित की जाएगी जिसमें 60 कंप्यूटर होंगे, जबकि ज़ोनल लाइब्रेरी में 50 कंप्यूटर होंगे।
सामग्री और सुविधा: इन लाइब्रेरीज़ में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी, स्वरोजगार संबंधी सामग्री, और रोजगार कार्यालयों की जानकारी डिजिटल रूप में उपलब्ध कराई जाएगी।
उद्देश्य और प्रभाव
यह पहल बिहार सरकार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की ओर से युवाओं को तकनीकी रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। डिजिटल लाइब्रेरी योजना से ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के छात्रों को समान शिक्षा सामग्री और संसाधन मिल सकेंगे, जिससे उनकी प्रतियोगी परीक्षाओं और करियर की तैयारी बेहतर होगी।
बजट और संचालन
इस योजना के लिए लगभग ₹94.5 करोड़ का बजट निर्धारित किया गया है।
प्रत्येक डिजिटल लाइब्रेरी के संचालन के लिए सुपरवाइजर और तकनीकी इंचार्ज नियुक्त किए जाएंगे।
लाइब्रेरी पंचायत भवन, ब्लॉक कार्यालय या सरकारी स्कूलों/कॉलेजों के खाली कमरों में स्थापित की जा सकती हैं।
निष्कर्ष
बिहार सरकार की यह डिजिटल लाइब्रेरी योजना राज्य में शिक्षा के स्तर को बढ़ावा देने के साथ-साथ युवाओं के रोजगार और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में भी मददगार साबित होगी। यह कदम बिहार को डिजिटल शिक्षा के क्षेत्र में आगे ले जाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

