IRCTC घोटाला मामला: लालू यादव परिवार पर केस की सुनवाई 5 अगस्त तक टली, दिल्ली कोर्ट ने मांगा CBI से स्पष्टीकरण
नई दिल्ली, 23 जुलाई 2025: बहुचर्चित IRCTC होटल-फॉर-लैंड घोटाले में आज दिल्ली की राउस एवेन्यू कोर्ट ने सुनवाई को टालते हुए CBI से कानूनी स्पष्टीकरण मांगा है। विशेष न्यायाधीश विशाल गोगने (Judge Vishal Gogne) ने इस मामले में आरोप तय करने (framing of charges) का आदेश 5 अगस्त 2025 तक के लिए स्थगित कर दिया।
🔍 क्या है IRCTC घोटाला?
यह मामला उस समय का है जब लालू प्रसाद यादव केंद्र सरकार में रेल मंत्री थे।
आरोप है कि IRCTC के दो होटलों – पुरी और रांची – के रखरखाव का ठेका एक निजी कंपनी Sujata Hotels Pvt Ltd को नियमों की अनदेखी करते हुए दिया गया।
इसके बदले में लालू परिवार से जुड़ी कंपनियों को पटना में कीमती जमीन हस्तांतरित की गई।
इस लेन-देन को “होटल के बदले ज़मीन (Hotel-for-Land)” स्कीम कहा जा रहा है।
👥 कौन-कौन हैं आरोपी?
लालू प्रसाद यादव (पूर्व रेल मंत्री और RJD प्रमुख)
राबड़ी देवी (पूर्व मुख्यमंत्री, पत्नी)
तेजस्वी यादव (वर्तमान में बिहार के उपमुख्यमंत्री)
कुछ पूर्व IRCTC अधिकारी
अन्य निजी व्यवसायी और एजेंट्स
CBI और ED दोनों ने इस मामले में जांच कर चार्जशीट दाखिल की है।
⚖️ कोर्ट में क्या हुआ?
कोर्ट ने CBI से पूछा कि क्या इस केस में आरोप तय करने के लिए पर्याप्त आधार मौजूद हैं।
CBI की दलील रही कि:
टेंडर प्रक्रिया में जानबूझकर अनियमितता हुई।
लालू परिवार को सीधे लाभ हुआ।
डिफेंस की तरफ से कहा गया कि इस तरह का कोई ठोस प्रमाण नहीं है जिससे आरोप तय हो सकें।
🗓️ अगली सुनवाई और संभावित परिणाम
अगली सुनवाई: 5 अगस्त 2025
अगर कोर्ट आरोप तय करता है:
ट्रायल शुरू होगा और अभियुक्तों से पूछताछ की जाएगी।
अगर आरोप खारिज होते हैं:
मामले में बड़ी राहत संभव हो सकती है।
✍️ सुप्रीम कोर्ट पहले ही इस केस को प्राथमिकता के आधार पर तेजी से निपटाने का निर्देश दे चुका है, जिससे इस मामले की राजनीतिक संवेदनशीलता भी उजागर होती है।
📌 निष्कर्ष
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| केस का नाम | IRCTC होटल के बदले ज़मीन घोटाला |
| मुख्य आरोपी | लालू यादव, राबड़ी देवी, तेजस्वी यादव |
| जांच एजेंसियाँ | CBI और ED |
| अगली सुनवाई | 5 अगस्त 2025 |
| स्थिति | आरोप तय करने पर फैसला लंबित |

