jansamwad tvjansamwad tvjansamwad tv
  • Home
  • राष्ट्रीय
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • बिहार
    • दिल्ली
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
    • जम्मू कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • महाराष्ट्र
    • पंजाब
    • राजस्थान
    • गुजरात
    • पश्चिम बंगाल
  • शिक्षा
  • व्यापार
  • मनोरंजन
  • राजनीति
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
  • टेक
Reading: प्रोंटास्टिक के साथ 10 करोड़ की धोखाधड़ी: विंध्य टेली लिंक्स का एक और काला चेहरा!
Share
Font ResizerAa
jansamwad tvjansamwad tv
Font ResizerAa
  • Home
  • राष्ट्रीय
  • राज्य
  • शिक्षा
  • व्यापार
  • मनोरंजन
  • राजनीति
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
  • टेक
  • Home
  • राष्ट्रीय
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • बिहार
    • दिल्ली
    • हरियाणा
    • हिमाचल प्रदेश
    • जम्मू कश्मीर
    • छत्तीसगढ़
    • महाराष्ट्र
    • पंजाब
    • राजस्थान
    • गुजरात
    • पश्चिम बंगाल
  • शिक्षा
  • व्यापार
  • मनोरंजन
  • राजनीति
  • लाइफस्टाइल
  • खेल
  • टेक
Have an existing account? Sign In
Follow US
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
Home » Blog » प्रोंटास्टिक के साथ 10 करोड़ की धोखाधड़ी: विंध्य टेली लिंक्स का एक और काला चेहरा!
क्राइम

प्रोंटास्टिक के साथ 10 करोड़ की धोखाधड़ी: विंध्य टेली लिंक्स का एक और काला चेहरा!

Tripty Srivastava
Last updated: August 30, 2025 5:02 pm
Tripty Srivastava
Share
SHARE

highlights

Toggle
  • प्रोंटास्टिक के साथ 10 करोड़ की धोखाधड़ी: विंध्य टेली लिंक्स का एक और काला चेहरा!
    • क्या है मामला?
    • प्रोंटास्टिक को हुआ नुकसान
    • शिकायत और पुलिस जांच
    • ब्लैकमेलिंग और झूठे दस्तावेज
    • आगे का रास्ता
    • निष्कर्ष
    • About The Author
      • Tripty Srivastava

प्रोंटास्टिक के साथ 10 करोड़ की धोखाधड़ी: विंध्य टेली लिंक्स का एक और काला चेहरा!

https://jansamwadtv.com/wp-content/uploads/2025/08/PKG-2.mp4

नई दिल्ली: विंध्य टेली लिंक्स लिमिटेड और प्रोंटास्टिक सूचना प्रौद्योगिकी सेवाएं प्राइवेट लिमिटेड के बीच चल रहा विवाद अब एक बड़ी धोखाधड़ी के मामले में बदल चुका है। यह मामला 10 करोड़ रुपये से अधिक की धोखाधड़ी का है, जिसमें आरोप है कि विंध्य टेली लिंक्स लिमिटेड ने प्रोंटास्टिक को न केवल अवैध तरीके से दबाव डालकर भुगतान करने के लिए मजबूर किया, बल्कि उसे झूठे दस्तावेजों के आधार पर ब्लैकमेल भी किया।

Contents
प्रोंटास्टिक के साथ 10 करोड़ की धोखाधड़ी: विंध्य टेली लिंक्स का एक और काला चेहरा!क्या है मामला?प्रोंटास्टिक को हुआ नुकसानशिकायत और पुलिस जांचब्लैकमेलिंग और झूठे दस्तावेजआगे का रास्तानिष्कर्षAbout The AuthorTripty Srivastava

क्या है मामला?

प्रोंटास्टिक सूचना प्रौद्योगिकी सेवाएं प्राइवेट लिमिटेड को रेलवे विभाग से करीब 35 करोड़ रुपये का कार्यादेश प्राप्त हुआ था। इस निविदा की जानकारी जब विंध्य टेली लिंक्स लिमिटेड को मिली, तो उसने 15 से अधिक आपूर्तिकर्ताओं और वितरकों को आदेश देकर निविदा को अवरुद्ध करवा दिया। इसके बाद, विंध्य टेली लिंक्स ने प्रोंटास्टिक को अपनी शर्तों पर आदेश स्वीकार करने के लिए मजबूर किया।

लेकिन, यहां पर एक बड़ा सवाल उठता है – विंध्य टेली लिंक्स लिमिटेड ने वह कार्य खुद क्यों नहीं किया और प्रोंटास्टिक को क्यों मजबूर किया?

प्रोंटास्टिक को हुआ नुकसान

प्रोंटास्टिक को इस कार्य को अपने खर्च पर करना पड़ा, जबकि विंध्य टेली लिंक्स ने अपनी जिम्मेदारी से भागते हुए यह कार्य किसी अन्य पक्ष को सौंप दिया। विंध्य टेली लिंक्स लिमिटेड ने अब उसी काम के लिए प्रोंटास्टिक से बलपूर्वक भुगतान की मांग की और उन्हें झूठे दस्तावेजों के आधार पर विधिक कार्रवाई की धमकी दी। इस घटनाक्रम से साफ है कि विंध्य टेली लिंक्स लिमिटेड ने प्रोंटास्टिक को शोषित करने का प्रयास किया है।

शिकायत और पुलिस जांच

इस धोखाधड़ी के खिलाफ प्रोंटास्टिक ने नोएडा के थाना सेक्टर-126 में शिकायत दर्ज कराई है। प्राथमिकी (FIR) दर्ज होने के बावजूद, अभी तक किसी भी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। यह स्थिति पीड़ित पक्ष में असंतोष और नाराज़गी का कारण बन रही है। पुलिस प्रशासन का दावा है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जल्द ही कार्रवाई की जाएगी, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं।

ब्लैकमेलिंग और झूठे दस्तावेज

इस मामले में विंध्य टेली लिंक्स लिमिटेड द्वारा झूठे दस्तावेजों के आधार पर प्रोंटास्टिक को परेशान करने और धमकाने के आरोप भी लगाए गए हैं। ब्लैकमेलिंग की इस घटना ने न केवल दो कंपनियों के बीच तनाव बढ़ाया है, बल्कि व्यवसायिक विश्वसनीयता पर भी सवाल उठाए हैं।

आगे का रास्ता

प्रोंटास्टिक और विंध्य टेली लिंक्स लिमिटेड के बीच यह विवाद अब एक गंभीर कानूनी मामले का रूप ले चुका है। दोनों कंपनियों के बीच कानूनी लड़ाई और जांच में और क्या बातें सामने आती हैं, यह देखने लायक होगा। फिलहाल, यह मामला व्यापारिक धोखाधड़ी और शोषण की एक कड़ी मिसाल पेश कर रहा है।

निष्कर्ष

विंध्य टेली लिंक्स लिमिटेड द्वारा प्रोंटास्टिक पर दबाव डालकर उसे आर्थिक रूप से नुकसान पहुंचाना और फिर ब्लैकमेल करने की कोशिश इस पूरे घटनाक्रम को और भी गंभीर बनाता है। पुलिस प्रशासन से उम्मीद की जा रही है कि जल्द ही कार्रवाई की जाएगी ताकि मामले में न्याय मिल सके। इसके अलावा, यह भी दर्शाता है कि व्यवसायिक रिश्तों में पारदर्शिता और विश्वास की आवश्यकता कितनी अहम है, ताकि भविष्य में इस तरह की धोखाधड़ी से बचा जा सके।

About The Author

Tripty Srivastava

See author's posts

Subscribe to Our Newsletter
Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!
[mc4wp_form]
TAGGED:प्रोंटास्टिक
Share This Article
Email Copy Link Print
Previous Article पूर्व DGP प्रशांत कुमार ने ली संत प्रेमानंद महाराज की शरण, मिले भगवान के स्मरण का जीवनदायिनी संदेश
Next Article PM Modi In China: सात साल बाद चीन पहुंचे पीएम मोदी, राष्ट्रपति जिनपिंग से होगी बातचीत; दुनियाभर की रहेगी नजर
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You Might Also Like

क्राइम

सोनम रघुवंशी की विदाई पर बही आंसुओं की धार, राज से लिपटी रही…

0 Min Read
उत्तर प्रदेशक्राइमताजा खबर

किसकी है साज़िश? कौन चाहता है निर्दोष कसाना की साफ सुथरी छवि को खराब करना

गाजियाबाद। कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर एक हलचल सी मची हुई है। कथित तौर पर देह व्यापार नेटवर्क को…

7 Min Read
रवि काना
उत्तर प्रदेशक्राइमराज्य

बांदा जेल से रवि काना की रिहाई पर बड़ा एक्शन, जेल अधीक्षक और जेलर पर मुकदमा दर्ज

बांदा। स्क्रैप माफिया रवि काना की रिहाई के मामले में एसपी पलाश बंसल के निर्देश पर निलंबित जेलर विक्रम सिंह और…

2 Min Read
कालोनाइजर
उत्तर प्रदेशक्राइमराज्य

वाराणसी में कालोनाइजर की हत्या करने वाला बदमाश STF की मुठभेड़ में ढेर, पांच महीने से फरार था

एसटीएफ वाराणसी ने मंगलवार देर रात सारनाथ में कॉलोनाइजर महेंद्र गौतम की हत्या में वांछित एक लाख के इनामी कुख्यात…

3 Min Read
jansamwad tv

यदि आपको “https://jansamwadtv.com/” पर छपी किसी सामग्री या वीडियो कंटेंट में सम्पादकीय आचार संहिता की चूक को लेकर कोई शिकायत है तो आप Contact@jansamwadtv.com E-mail कर अपनी शिकायत हमारे Grievance Officer को भेज सकते हैं।

विज्ञापन के लिए संपर्क करें:

contact@jansamwadtv.com

  • Privacy Policy
  • About us
  • Disclamer
  • Contact Us
Reading: प्रोंटास्टिक के साथ 10 करोड़ की धोखाधड़ी: विंध्य टेली लिंक्स का एक और काला चेहरा!
Share

© Jansamwadtv. All Rights Reserved.

Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?

Forget Password