नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में राजनीतिक सरगर्मी एक बार फिर तेज हो गई है. लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के नेतृत्व में प्रधानमंत्री आवास के बाहर कांग्रेस और विपक्षी दलों द्वारा एक जोरदार धरना प्रदर्शन किया गया. उनके साथ प्रियंका गांधी भी प्रदर्शन में शामिल हुईं. हालांकि बाद में उन्हें पुलिस ने हिरासत में ले लिया.
इस प्रदर्शन में दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष देवेंद्र यादव भी अपने समर्थकों के साथ विशेष रूप से मौजूद रहे. प्रदर्शन के दौरान ईटीवी भारत से बातचीत करते हुए देवेंद्र यादव ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला और गंभीर आरोप लगाए कि देश में लगातार विपक्ष और आम जनता की आवाज को दबाने की सुनियोजित कोशिश की जा रही है.
सरकार पर चुप्पी साधने का आरोप: देवेंद्र यादव ने कहा कि राहुल गांधी के नेतृत्व में यह प्रदर्शन पिछले एक घंटे से अधिक समय से शांतिपूर्ण ढंग से जारी है, लेकिन सरकार की तरफ से अभी तक इस पर कोई भी जवाब या प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है. उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जब भी देश पर कोई बड़ी आपदा या गंभीर परेशानी आती है, तो प्रधानमंत्री आवास के दरवाजे और खिड़कियां बंद हो जाती हैं.
विफल विपक्ष सवालों से बचने का प्रयास: उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसे वक्त में प्रधानमंत्री पूरी तरह से मौन साध लेते हैं और जनता की समस्याओं से मुंह मोड़ लेते हैं. चाहे संसद के भीतर की बात हो या फिर सड़कों पर आम जनता और युवाओं के संघर्ष की, सरकार हर मोर्चे पर विपक्ष के सवालों से बचने का प्रयास करती है.
युवाओं और विपक्ष के मुद्दों की अनदेखी: प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने पिछले दिनों से चल रहे विभिन्न मुद्दों का जिक्र करते हुए कहा कि पिछले 20 दिनों से देश के युवा और विभिन्न वर्गों के लोग सड़कों पर अपनी मांगों को लेकर बैठे हुए हैं. इसके बावजूद सरकार उनकी सुध नहीं ले रही है. संसद के पटल पर भी लगातार यह कोशिश की गई कि विपक्ष अपनी बात मजबूती से रख सके और देशहित के मुद्दों पर सरकार को घेरा जा सके, लेकिन सत्ता पक्ष द्वारा हर बार विपक्ष की आवाज को दबाने का काम किया गया है. उन्होंने अंत में यह भी विश्वास दिलाया कि इस लड़ाई में तमाम विपक्षी दल एकजुट हैं और आगे भी समय-समय पर जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए मिलकर आवाज बुलंद करते रहेंगे. इस धरने में कांग्रेस के अन्य कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता भी भारी संख्या में शामिल रहे.
