देहरादून। उत्तराखंड में आगामी चारधाम यात्रा से पहले बड़ा फैसला लेते हुए बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति ने अपने अधीन आने वाले मंदिरों में गैर-सनातनियों के प्रवेश पर रोक लगाने का निर्णय लिया है। इस फैसले के तहत बद्रीनाथ धाम और केदारनाथ धाम समेत कुल 47 मंदिरों में नियम लागू होगा।
समिति के अध्यक्ष ने स्पष्ट किया कि जो भी व्यक्ति सनातन धर्म में आस्था रखता है, उसे मंदिर में प्रवेश दिया जा सकता है, लेकिन इसके लिए शपथ पत्र देना अनिवार्य होगा। इसी संदर्भ में बॉलीवुड अभिनेत्री सारा अली खान का उदाहरण देते हुए कहा गया कि यदि वह दर्शन के लिए आती हैं, तो उन्हें भी अपनी आस्था का शपथ पत्र देना होगा।
जानकारी के मुताबिक, यह शपथ पत्र मंदिर परिसर में ही उपलब्ध कराया जाएगा, जिससे श्रद्धालु मौके पर ही अपनी आस्था घोषित कर सकें। समिति का कहना है कि यह निर्णय मंदिरों की धार्मिक परंपराओं और पवित्रता को बनाए रखने के उद्देश्य से लिया गया है।
इसके अलावा, मंदिर परिसर और गर्भगृह में मोबाइल फोन के उपयोग पर भी प्रतिबंध लगाने की तैयारी की जा रही है, जिसके लिए एसओपी बनाई जा रही है।
इस फैसले को लेकर प्रदेश में बहस तेज हो गई है। जहां कुछ लोग इसे धार्मिक परंपराओं की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम बता रहे हैं, वहीं कुछ लोग इसे प्रतिबंधात्मक मानते हुए सवाल उठा रहे हैं।

